दिल्ली-NCR में 1 अक्टूबर से ‘नो PUC, नो फ्यूल’ नियम

  • वैध प्रदूषण प्रमाणपत्र नहीं होने पर पेट्रोल-डीजल समेत ईंधन नहीं मिलेगा.
  • उल्लंघन पर 10 हजार रुपये तक जुर्माना.

नई दिल्ली। दिल्ली-एनसीआर में सर्दियों के दौरान बढ़ने वाले वायु प्रदूषण पर नियंत्रण के लिए 1 अक्टूबर 2026 से ‘नो PUC, नो फ्यूल’ व्यवस्था लागू की जा रही है। इसके तहत वैध पॉल्यूशन अंडर कंट्रोल (PUC) प्रमाणपत्र नहीं रखने वाले वाहनों को चिन्हित पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल, डीजल समेत ईंधन नहीं दिया जाएगा। वाहन चालकों को 30 सितंबर तक अपने वाहनों का वैध PUC प्रमाणपत्र बनवाने की सलाह दी गई है।

ANPR कैमरों से होगी निगरानी

दिल्ली में यह व्यवस्था उन करीब 500 ईंधन स्टेशनों पर लागू की जा रही है, जहां ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रिकग्निशन (ANPR) कैमरे लगाए गए हैं। इन कैमरों के माध्यम से वाहनों की नंबर प्लेट की पहचान कर उनके PUC स्टेटस की जांच की जाएगी। पूरे एनसीआर में करीब 1,041 ईंधन स्टेशनों पर ANPR सिस्टम लगाने की योजना बताई गई है।

यह व्यवस्था उत्तर प्रदेश के एनसीआर क्षेत्र में आने वाले गौतमबुद्ध नगर (नोएडा), गाजियाबाद, हापुड़, बुलंदशहर, मेरठ, मुजफ्फरनगर, बागपत और शामली के अलावा हरियाणा तथा राजस्थान के एनसीआर क्षेत्र में भी लागू किए जाने की योजना है।

बिना PUC वाहन चलाने पर 10 हजार तक जुर्माना

मौजूदा मोटर वाहन नियमों के तहत बिना वैध PUC प्रमाणपत्र के वाहन चलाने पर 10 हजार रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। यह व्यवस्था पेट्रोल, डीजल, सीएनजी और एलपीजी से चलने वाले वाहनों पर लागू होगी। अधिकारियों ने ईंधन स्टेशनों को भी नियमों का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। नियमों का उल्लंघन करने वाले पंप संचालकों के खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है।

पुराने वाहनों पर भी असर

दिल्ली में पहले से लागू वाहन संबंधी प्रतिबंधों के कारण पुराने वाहनों के मालिकों के लिए भी यह व्यवस्था महत्वपूर्ण है। रिपोर्ट के अनुसार, 15 साल से अधिक पुराने पेट्रोल और 10 साल से अधिक पुराने डीजल वाहनों को PUC प्रमाणन से जुड़ी मौजूदा पाबंदियों का सामना करना पड़ता है।

अक्टूबर में जागरूकता अभियान

प्रदूषण नियंत्रण की तैयारियों को लेकर केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव की अध्यक्षता में पर्यावरण भवन में बैठक हुई थी। बैठक में दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा भी शामिल हुए। सरकार अक्टूबर में PUC की वैधता और प्रदूषण नियंत्रण को लेकर जागरूकता अभियान चलाने की तैयारी में है। नवंबर में PUC केंद्रों को अपग्रेड करने की योजना भी बताई गई है।

इसके अलावा 1 से 10 अक्टूबर तक दिल्ली मेट्रो सारथी ऐप को बढ़ावा देने के लिए अलग अभियान चलाया जाएगा। इसमें रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन और जनप्रतिनिधियों के सहयोग से डाउनलोड कैंप आयोजित किए जाने की योजना है।

 

Portaladmin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Next Post

मुख्यमंत्री धामी ने युवाओं से देशभर में देवभूमि की संस्कृति, पर्यटन, स्थानीय उत्पादों और हस्तशिल्प की पहचान पहुंचाने का किया आह्वान

Thu Oct 1 , 2026
देहरादून : मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार को मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय में हरियाणा भ्रमण पर जा रहे उत्तराखण्ड के युवाओं को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि इस प्रकार के अंतरराज्यीय भ्रमण युवाओं को देश के विभिन्न राज्यों की संस्कृति, जीवनशैली, विकास कार्यों और नवाचारी पहलों को निकट से समझने […]

You May Like

Share
error: Content is protected !!