रुड़की : भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) रुड़की के दो दिवसीय वार्षिक दीक्षांत समारोह-2026 का रविवार को समापन हो गया। पहले दिन राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) अजीत कुमार डोभाल मुख्य अतिथि के रूप में समारोह में पहुंचे और विद्यार्थियों को देश के विकास, सुरक्षा और सामाजिक कल्याण में तकनीकी ज्ञान के इस्तेमाल का संदेश दिया। वहीं, दूसरे दिन स्नातकोत्तर और पीएचडी विद्यार्थियों को उपाधियां प्रदान की गईं। दो दिनों में संस्थान के कुल 2,701 छात्र-छात्राओं को डिग्रियां दी गईं।
समारोह के दूसरे दिन कुल 1,424 विद्यार्थियों को उपाधियां प्रदान की गईं। इनमें 903 स्नातकोत्तर डिग्रियां, 518 पीएचडी एवं पीएचडी ड्यूल डिग्रियां और तीन एमएस बाय रिसर्च डिग्रियां शामिल हैं। उपाधि प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों के लिए यह दिन उनके शैक्षणिक सफर की महत्वपूर्ण उपलब्धि का अवसर रहा। समारोह में हीरो मोटोकॉर्प के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) हर्षवर्धन छिताले मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
इससे पहले शनिवार को दीक्षांत समारोह के पहले दिन मुख्य रूप से स्नातक पाठ्यक्रमों के विद्यार्थियों को डिग्रियां प्रदान की गई थीं। एनएसए अजीत कुमार डोभाल ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए आईआईटी रुड़की के गौरवशाली इतिहास और वैश्विक स्तर पर संस्थान के योगदान की सराहना की। उन्होंने विद्यार्थियों से अपनी तकनीकी दक्षता का इस्तेमाल राष्ट्र निर्माण और समाज के हित में करने का आह्वान किया।
पहले दिन वाइस चीफ ऑफ आर्मी स्टाफ जनरल एन. एस. राजा सुब्रमणि ने भी विद्यार्थियों को संबोधित किया। उन्होंने राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भूमिका पर जोर दिया। वहीं, आईआईटी रुड़की के निदेशक प्रो. के. के. पंत ने संस्थान की उपलब्धियों, शोध कार्यों और अंतरराष्ट्रीय सहयोग की जानकारी साझा की और उपाधि प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को शुभकामनाएं दीं।
समारोह में कैबिनेट मंत्री प्रदीप बत्रा, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट दीपक राम चंद्र शेट समेत आईआईटी रुड़की के अधिकारी मौजूद रहे। दो दिवसीय आयोजन के दौरान विद्यार्थियों की शैक्षणिक उपलब्धियों का सम्मान किया गया।

